हुरुन इंडिया रिच लिस्ट 2026 में शाहरुख खान एक बार फिर देश के सबसे अमीर भारतीय अभिनेता बनकर उभरे हैं। हुरुन रिपोर्ट के मुताबिक, शाहरुख खान की कुल संपत्ति 10,000 करोड़ रुपए दर्ज की गई है।
इस लिस्ट में 4,000 करोड़ रुपए की संपत्ति के साथ अमिताभ बच्चन दूसरे नंबर पर हैं। वहीं एक्टर सलमान खान ने 3,000 करोड़ रुपए की नेटवर्थ के साथ पहली बार इस लिस्ट में अपनी जगह बनाई है।
इसके अलावा ऋतिक रोशन भी 2,500 करोड़ रुपए की संपत्ति के साथ देश के सबसे अमीर एक्टर्स की लिस्ट में बने हुए हैं।
शाहरुख की नेटवर्थ ₹2,500 करोड़ कम हुई
शाहरुख खान की कुल 10,000 करोड़ रुपए की संपत्ति में उनकी प्रोडक्शन कंपनी ‘रेड चिलीज एंटरटेनमेंट’ और आईपीएल टीम ‘नाइट राइडर्स स्पोर्ट्स’ का बड़ा योगदान है। हालांकि, पिछले साल की तुलना में उनकी संपत्ति में थोड़ी गिरावट आई है। हुरुन इंडिया रिच लिस्ट 2025 में शाहरुख की नेटवर्थ 12,490 करोड़ रुपए दर्ज की गई थी। वहीं इस साल की शुरुआत में आई हुरुन ग्लोबल रिच लिस्ट में उनकी कुल संपत्ति 10,800 करोड़ रुपए बताई गई थी।
बिना बिजनेस के अमिताभ बच्चन की संपत्ति में उछाल
रिच लिस्ट में दूसरे नंबर पर मौजूद अमिताभ बच्चन की नेटवर्थ में पिछले साल के मुकाबले बड़ा सुधार देखा गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, अमिताभ की संपत्ति पिछले साल के 1,630 करोड़ रुपए से बढ़कर इस साल 4,000 करोड़ रुपए हो गई है।
अमिताभ कंपनियों और रियल एस्टेट सेक्टर में भारी इन्वेस्टमेंट्स करते हैं।
शाहरुख खान की तरह अमिताभ बच्चन सीधे तौर पर कोई बड़ा बिजनेस नहीं चलाते हैं। वे अपने फैमिली ऑफिस के जरिए से कई बड़ी कंपनियों और रियल एस्टेट सेक्टर में भारी इन्वेस्टमेंट्स करते हैं, जिससे उनकी संपत्ति में यह बढ़ोतरी दर्ज हुई है।
सलमान खान की एंट्री, ऋतिक की संपत्ति में भी बढ़त
सलमान खान ने इस साल 3,000 करोड़ रुपए की संपत्ति के साथ हुरुन इंडिया रिच लिस्ट में पहली बार एंट्री ली है। वहीं एक्टर ऋतिक रोशन की नेटवर्थ में भी बढ़ोतरी हुई है।
सलमान के पास सलमान खान फिल्म्स नाम का प्रॉडक्शन हाउस है।
2025 की लिस्ट में ऋतिक की संपत्ति 2,160 करोड़ रुपए थी, जो अब बढ़कर 2,500 करोड़ रुपए पहुंच गई है। ऋतिक की संपत्ति बढ़ने की मुख्य वजह उनका अपना फिटनेस और लाइफस्टाइल ब्रांड ‘HRX’ है, जिसकी वैल्यू मार्केट में तेजी से बढ़ी है।
जूही चावला पिछले साल 7,790 करोड़ रुपए की नेटवर्थ के साथ इस लिस्ट में शामिल थीं।
जूही चावला और करण जौहर लिस्ट से बाहर
हुरुन इंडिया रिच लिस्ट 2026 में इस बार कुछ पुराने बड़े नामों को जगह नहीं मिली है। पिछले साल 7,790 करोड़ रुपए की नेटवर्थ वाली एक्ट्रेस जूही चावला और 1,880 करोड़ रुपए की संपत्ति वाले फिल्ममेकर करण जौहर इस बार लिस्ट से बाहर हैं।
इस बीच, अपकमिंग फिल्म ‘रामायण’ के प्रोड्यूसर नमित मल्होत्रा के पिता नरेश मल्होत्रा भी इस लिस्ट में शामिल हुए हैं। हुरुन की रिपोर्ट में नरेश मल्होत्रा की कुल संपत्ति 16,000 करोड़ रुपए बताई गई है।
साल 2023 के बाद अब ‘किंग’ से बड़े पर्दे पर लौटेंगे शाहरुख
शाहरुख खान की आखिरी फिल्में साल 2023 में आई थीं, जब उन्होंने ‘पठान’, ‘जवान’ और ‘डंकी’ से बॉक्स ऑफिस पर रिकॉर्ड कमाई की थी। इसके बाद से उनकी कोई फिल्म रिलीज नहीं हुई है।
अब शाहरुख अपनी अगली फिल्म ‘किंग’ के जरिए बड़े पर्दे पर वापसी की तैयारी कर रहे हैं। सिद्धार्थ आनंद के डायरेक्शन में बन रही इस फिल्म में उनकी बेटी सुहाना खान भी नजर आएंगी। यह फिल्म 24 दिसंबर को सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली है।
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विवेक ओबेरॉय ने सोशल मीडिया ट्रोलिंग को एक नेगेटिव एक्टिविटी बताया और लोगों से इससे बचने की अपील की। उन्होंने कहा कि ट्रोलिंग के बजाय लोगों को पॉजिटिव एक्टिविटी पर फोकस करना चाहिए।
दरअसल, बॉलीवुड क्रॉनिकल के साथ बातचीत के दौरान विवेक ओबेरॉय से पूछा गया कि सलमान खान ने ट्रोलिंग को लेकर बयान दिया है, इस पर आपका क्या कहना है? इसके जवाब में विवेक ने कहा, “मुझे लगता है कि ट्रोलिंग नहीं करनी चाहिए। ट्रोलिंग एक नेगेटिव चीज है। जिंदगी में करने के लिए इतने पॉजिटिव काम हैं, तो नेगेटिव चीजों में क्यों पड़े हो?”
गौरतलब है कि सलमान खान और विवेक ओबेरॉय के बीच विवाद बॉलीवुड के सबसे चर्चित विवादों में गिना जाता है। दोनों के बीच तनाव की शुरुआत ऐश्वर्या राय से जुड़े रिश्ते को लेकर हुई थी। 2003 में विवेक ओबेरॉय ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर सलमान खान पर फोन करके धमकाने और परेशान करने के आरोप लगाए।
विवेक के मुताबिक, सलमान ने उन्हें कई बार फोन किया था। इस प्रेस कॉन्फ्रेंस के बाद विवाद काफी बढ़ गया और विवेक के मुताबिक उनके फिल्मी करियर पर भी इसका असर पड़ा। बाद के वर्षों में विवेक ने सलमान से माफी मांगने की कोशिश की।
सलमान खान ने ट्रोलिंग पर नाराजगी जताई सलमान खान ने हाल ही में टीवी शो ‘बिग बॉस 20’ में सोशल मीडिया ट्रोलिंग, बॉडी-शेमिंग और एज-शेमिंग पर नाराजगी जताई।
उन्होंने कहा था कि सोशल मीडिया आज गेमिंग, कंटेंट क्रिएशन और वीडियो एडिटिंग जैसे क्षेत्रों में रोजगार और पहचान का जरिया बन चुका है, लेकिन इसका एक नकारात्मक पहलू ट्रोलिंग भी है।
सलमान ने कहा कि सोशल मीडिया पर किसी सेलिब्रिटी को ट्रोल करने वाला व्यक्ति यह नहीं जानता कि सामने वाला निजी तौर पर किन परिस्थितियों से गुजर रहा है।
सलमान ने सवाल उठाया था कि किसी दूसरे व्यक्ति को अपमानित करके पैसा कमाने की जरूरत क्यों पड़ती है। उन्होंने कहा कि लोग सोशल मीडिया पर किसी के शरीर, वजन, लुक्स, परिवार, उम्र, मुस्कान, करियर या निजी जिंदगी को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां करते हैं।
उन्होंने ट्रोलर्स से पूछा था कि जिस व्यक्ति को वे गाली दे रहे हैं, वे नहीं जानते कि वह निजी तौर पर किन परिस्थितियों से गुजर रहा है।
सलमान ने उनकी फिटनेस को ट्रोल करने वाले को जवाब देते हुए जैकेट और टी-शर्ट उतारकर अपने एब्स दिखाए।
सलमान ने यह भी कहा था कि ट्रोलर्स को सोचना चाहिए कि उनके अपने परिवार के किसी सदस्य के बारे में ऐसी टिप्पणी की जाए तो उन्हें कैसा लगेगा। उन्होंने बताया था कि उन्हें भी सोशल मीडिया पर ‘बूढ़ा हो गया’ जैसी टिप्पणियां सुनने को मिलती हैं। सलमान ने कहा कि 60 साल का होना स्वाभाविक है। इसके बाद उन्होंने शो के मंच पर अपनी टोपी, जैकेट और टी-शर्ट उतारकर अपने एब्स दिखाए थे।
हालांकि, सलमान ने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन उनकी इस टिप्पणी को प्रेग्नेंसी के बाद कटरीना कैफ की सोशल मीडिया पर बॉडी-शेमिंग से जोड़कर देखा गया। पूरी खबर यहां पढ़ें…
ऋचा चड्ढा ने सलमान खान के बयान की तारीफ की
एक्ट्रेस ऋचा चड्ढा ने सलमान खान के इस रुख की तारीफ की है। न्यूज18 से बातचीत में ऋचा ने कहा कि उन्हें पहले सलमान के बयान के बारे में जानकारी नहीं थी, लेकिन इसके बारे में जानकर उन्हें अच्छा लगा। उन्होंने कहा कि ऐसी बात कहना एक बड़ी और उदार सोच को दिखाता है और लोगों को ट्रोलिंग पर ध्यान नहीं देना चाहिए।
ऋचा ने उन पुरुषों पर भी सवाल उठाया जो महिलाओं के शरीर और उनके लुक्स को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां करते हैं। उन्होंने कहा कि पुरुष महिलाओं के बिना अस्तित्व में नहीं आ सकते, क्योंकि हर व्यक्ति मां की कोख से जन्म लेता है। उनके मुताबिक, अगर कोई मांओं का मजाक उड़ाता है, तो उसका असर उल्टा पड़ सकता है।
ऋचा चड्ढा ने मसान, गैंग्स ऑफ वासेपुर और फुकरे जैसी कई फिल्में की हैं।
ऋचा ने यह भी कहा कि जो लोग महिलाओं के शरीर पर टिप्पणी करते हैं, वे अक्सर खुद अपने शरीर को लेकर असंतुष्ट होते हैं। उन्होंने महिलाओं पर समाज और इंडस्ट्री की ओर से बनाए जाने वाले बॉडी इमेज के दबाव पर भी बात की है।
ऋचा खुद भी पोस्टपार्टम बॉडी-शेमिंग का सामना कर चुकी हैं। वह 2024 में मां बनी थीं और इससे पहले शरीर को लेकर सामाजिक दबाव के बारे में खुलकर बात कर चुकी हैं। उन्होंने ऐश्वर्या राय बच्चन के पोस्टपार्टम वजन को लेकर हुई ट्रोलिंग पर भी सवाल उठाया था।
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सलमान खान ने पैपराजी-ट्रोलर्स को फटकारा:वरुण धवन, नेहा धूपिया ने किया सपोर्ट, एक्स बिग बॉस कंटेस्टेंट सोफिया हयात बोलीं- सलमान पाखंडी हैं, मेरा मजाक उड़ाया
सलमान खान के पैपराजी और ट्रोलिंग के खिलाफ बयान के बाद कई बॉलीवुड सितारों ने उनका समर्थन किया। नेहा धूपिया ने सलमान के बयान पर ‘टाइगर जिंदा है’ लिखकर प्रतिक्रिया दी। वरुण धवन ने सोशल मीडिया पर वीडियो शेयर कर सलमान को सपोर्ट किया।
डायरेक्टर कुणाल कोहली ने भी सलमान की तारीफ की और सोशल मीडिया ट्रोलिंग व पैपराजी के व्यवहार पर उनकी बात को जरूरी बताया। हालांकि, सोफिया हयात ने सलमान के बयान की आलोचना की। उन्होंने सलमान को पाखंडी बताया और अपने पुराने अनुभव का जिक्र किया। पूरी खबर यहां पढ़ें…
नेशनल फिल्म अवॉर्ड सेरेमनी मंगलवार को गुजरात में हुई है।
सीनियर एक्टर संजय मिश्रा को फिल्म भक्षक के लिए बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का नेशनल अवॉर्ड मिला है। पिछले 35 सालों से टीवी और फिल्म इंडस्ट्री का हिस्सा रहे संजय मिश्रा का ये पहला नेशनल अवॉर्ड है। जब उनसे पूछा गया कि वो अवॉर्ड में किसका नाम लिखवाना चाहते हैं, तो उन्होंने पिता शंभूनाथ मिश्रा का नाम लिखवाया। संजय ने ये भी बताया है कि जब उन्होंने मां को नेशनल अवॉर्ज जीतने की जानकारी दी, तो उनका पहला सवाल था- ‘खाना खाया कि नहीं?’
वहीं मैदान के गाने जाने दो के लिए बेस्ट लिरिक्स का अवॉर्ड जीतने वाले मनोज मुंतशिर ने कहा कि जिस समय ये गाना बन रहा था, तब ही ए.आर.रहमान ने कहा था कि इसे नेशनल अवॉर्ड मिलेगा।
दैनिक भास्कर से बातचीत में संजय मिश्रा, मनोज मुंतशिर, कार्तिक आर्यन समेत कई नेशनल अवॉर्ड विजेताओं ने इस पर भावुक बातें कही हैं। पढिए इंटरव्यू-
फिल्म भक्षक के लिए बेस्ट सपोर्टिंग एक्टर का अवॉर्ड जीतने पर संजय ने कहा, ‘सबसे पहले में शुक्रिया कहूंगा, डायरेक्टर का जिसने मुझे ऐसी फिल्म में कास्ट किया। इसके बाद शुक्रिया करूंगा रेड चिल्लीज का, जो ऐसी फिल्में प्रमोट करता है और फिर शुक्रिया करूंगा भूमि पेडनेकर का, भूमि के साथ जो भी काम करता हूं अच्छा निकलकर आता है। बड़ा मजा आता है। दम लगा के हइशा, बड़ी तारीफ मिली थी और अब ये दूसरी फिल्म। उसके बाद ये स्क्रिप्ट। बहुत असल कहानी थी। कलाकारों को मुंह से नहीं काम से बोलना चाहिए। मुझे लगता है मैंने जिम्मेदारी निभाई।’
जब उनसे पूछा गया कि आप अपना अवॉर्ड किसे डेडिकेट करेंगे। संजय मिश्रा ने भावुक अंदाज में कहा, ‘मुझसे पूछा गया था कि अवॉर्ड में किसका नाम लिखना चाहेंगे। मैंने अपने पिता का नाम संजय शंभूनाथ मिश्रा लिखवाया। सबसे अहम कि इसमें इन्फॉर्मेशन एंड ब्रॉडकास्ट मिनिस्ट्री है, जिसने हमें पाला, पापा जी की तनख्वाह वहीं से आती थी। पीआईबी है, जिसमें भी पापा ने काम किया।’
संजय मिश्रा से जब पूछा कि इस पर मां का रिएक्शन कैसा था, उन्होंने मां की नकल उतारते हुए जवाब दिया और उनका जवाब बताया, जो था- ‘बेटा बहुत बढ़िया, लेकिन तुम खाना खा लिए हो, बहुत देर प्रोग्राम चला है, कुछ खाना खिलाया उन लोगों ने। पापा होते तो बढ़िया होता।’
सेरेमनी में संजय मिश्रा पत्नी के साथ पहुंचे। इस पर उन्होंने कहा- ‘अब घर में थोड़ी इज्जत बढ़ जाएगी, वर्ना हम पति किस काम के।’
मनोज मुंतशिर बोले- ए.आर.रहमान सर ने पहले ही कहा था इस गाने को नेशनल अवॉर्ड मिलेगा
हिंदी फिल्म ‘मैदान’ के गाने ‘जाने दो’ के लिए मनोज मुंतशिर को 72वें नेशनल फिल्म अवॉर्ड में बेस्ट लिरिक्स का पुरस्कार मिला। इस पर उन्होंने कहा, ये गाना हमने चेन्नई में ए.आर.रहमान सर के स्टूडियो में बनाया था। रात में तकरीबन 3 बजे सर ने ट्यून दी। ट्यून ऐसी कि आंखे भर आएं। छत पर एक झूला था, उस पर बैठकर मैंने 2 लाइनें लिखीं- ये आवाजों के धागे खोले और तराने गाने दो, मैदानों में धूम न कम हो, जाते हैं हम जाने दो। मैं नीचे उतरा, मैंने रहमान सर को सुनाया और रहमान सर, बोनी कपूर जी हमारे डायरेक्टर अमित शर्मा सब लोग थे। मेरे मुंह से ये दो लाइनें निकलते ही, रहमान सर ने कहा- मनोज जी, ये नेशनल अवॉर्ड है। देखिए क्या संयोग था। उस वक्त मैं मुस्कुरा कर रह गया। लेकिन कभी सोचा नहीं था कि ये असल में होगा।’
आगे उन्होंने कहा, ‘दैनिक भास्कर के जो मेरे दर्शक और पाठक हैं उनसे मैं कहना चाहूंगा कि जो भी उम्मीदें आपने मुझ से लगाई हैं, उन्हें टूटने नहीं दूंगा। अपने हिस्से की गलतियां मैं कर चुका हूं। इसके बाद मैं प्रतिज्ञाबद्ध हूं कि आपकी उम्मीदों से खिलवाड़ नहीं होने दूंगा।’
पूछा गया कि अवॉर्ड किसे डेडिकेट करेंगे, जवाब मिला, ‘मैंने ये अवॉर्ड अपनी पत्नी नीलम मुंतशिर को डेडिकेट किया है। जब पहला अवॉर्ड मिला, तो बड़ा जलवा था, बड़ा नाम था, लेकिन पहले और दूसरे अवॉर्ड के बीच कुछ ऐसी घटनाएं हुईं, जिसमें नीलम का एक साथी के तौर पर नीलम का मेरे साथ खड़ा होना, मुझे अंदर तक कश कर गया। मुझे लगा कि हमारी जो सबसे प्रिय दोस्त होती है वो पत्नी होती है।’
विजय गांगुली को आज की रात गाने के लिए अवॉर्ड
हिंदी फिल्म ‘स्त्री 2’ के गाने ‘आज की रात’ के लिए विजय गांगुली को 72वें नेशनल फिल्म अवॉर्ड में बेस्ट कोरियोग्राफी का पुरस्कार मिला। गाने में तमन्ना भाटिया नजर आई थीं। अवॉर्ड मिलने के बाद विजय गांगुली ने कहा- ‘मैं नम हूं, अभी तक समझ नहीं आ रहा कि ये अवॉर्ड मेरे हाथ में है। इसे समझने में 2-3 दिन लगेंगे। मैंने अभी-अभी तमन्ना को मैसेज किया कि इस अवॉर्ड का क्रेडिट आपको जाता है। अगर आप वो स्टेप नहीं कर पातीं, जो सिखाया गया, तो शायद हम यहां तक नहीं पहुंचते। जब मैं छोटे बच्चों के डांस करते हुए वीडियो देखे, तो बहुत खुशी हुई। ये एक आर्टिस्ट के लिए सपने जैसा है।’
कार्तिक आर्यन बोले- ये फीलिंग अनरियल है
कार्तिक आर्यन को फिल्म चंदू चैंपियन के लिए बेस्ट एक्टर का नेशनल अवॉर्ड मिला है। ये उनके करियर का पहला नेशनल अवॉर्ड है। सेरेमनी खत्म होने के बाद दैनिक भास्कर से बातचीत में उन्होंने कहा, मैं बहुत खुश हूं, पूरी फैमिली के साथ हूं, बहुत इमोशनल मूमेंट है। अनरियल फीलिंग है, एक्सप्रेस नहीं कर पा रहा हूं।
आदित्य धर बोले- इंडिया को अवॉर्ड डेडिकेट करूंगा
आदित्य धर की फिल्म आर्टिकल 370 को बेस्ट फीचर फिल्म का नेशनल अवॉर्ड मिला। इस पर उन्होंने कहा, ‘ये अवॉर्ड इंडिया को डेडिकेट करूंगा। मुझे लगता है कि ऐसी फिल्में देश को ऊपर उठाती हैं, लोग कुछ भी कहें लेकिन ये फिल्म देश को रिप्रेजेंट करती है।’
शाश्वत सचदेव को दूसरा नेशनल अवॉर्ड
हिंदी फिल्म ‘आर्टिकल 370’ के लिए शाश्वत सचदेव को 72वें नेशनल फिल्म अवॉर्ड में बेस्ट म्यूजिक डायरेक्शन (सॉन्ग्स) का पुरस्कार मिला। इससे पहले उन्हें फिल्म ऊरीः द सर्जिकल स्ट्राइक के लिए बेस्ट बैकग्राउंड म्यूजिक का भी अवॉर्ड मिल चुका है।
दूसरी बार नेशनल अवॉर्ड हासिल कर उन्होंने कहा, ‘मैं ये फील कर रहा हूं कि एक राजस्थान का लड़का है, जो मिडिल क्लास परिवार में बड़ा हुआ, उसे आप लोगों ने इतना आशीर्वाद दिया कि वो आज यहां है। मैं ये अवॉर्ड अपने पेरेंट्स और पत्नी को डेडिकेट कर रहा हूं।’
अतुल गंगवार बोले- ये फीलिंग शब्दों में बयां करना मुश्किल
दिवंगत शायर निदा फाजली के जीवन पर बनी डॉक्यूमेंट्री ‘मैं निदा’ को 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार में ‘बेस्ट आर्ट्स एंड कल्चर फिल्म’ का पुरस्कार मिला है। इस डॉक्यूमेंट्री के निर्माता अतुल गंगवार पिछले करीब ढाई दशक तक निदा फाजली के बेहद करीब रहे। अवॉर्ड हासिल कर उन्होंने कहा- ‘फीलिंग को शब्दों में बयां करना मुश्किल है। सिनेमा के सबसे बड़े योगदान में से एक ये अवॉर्ड हासिल कर किसे अच्छा नहीं लगेगा।’
आगे उन्होंने कहा, ‘निदा साहब ने ग्वालियर, मध्यप्रदेश का नाम हमेशा रोशन किया, जब उनका निधन हुआ, तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी संसद में उनका गीत पढ़ा। उन्होंने एक लाइन पर जोर देकर कहा- यहां कोई किसी को रास्ता नहीं देता, अगर मुझे गिराकर तुम चल सको, तो चले। जब प्रधानमंत्री उनकी लेखनी पढ़ते हैं, तो उनकी ऊंचाइयों का पता चलता है।’
आनंद एल. राय को हिंदी नॉन-फीचर फिल्म ‘स्टैच्यू ऑफ यूनिटी-एकता का प्रतीक’ के लिए बेस्ट डायरेक्शन का नेशनल फिल्म अवॉर्ड मिला है। इस पर बात करते हुए उन्होंने कहा, ‘मैं जब अपनों के बीच होता हूं तो अच्छा ही लगता है, लेकिन इतना बड़ा अवॉर्ड मिलना, ये सौभाग्य खुशी दे रहा है। मैं फीचर फिल्म बनाता रहा, एक बार मौका मिला डॉक्यूमेंट्री बनाने का, वो भी स्टैच्यू ऑफ यूनिटी, सरदार वल्लभ भाई पटेल पर। उनके बारे में जितना पता था, उससे 10 गुना ज्यादा समझा।’
आगे उन्होंने कहा, ‘ये समझ आया कि इस उम्र में भी सीखना बंद नहीं होता। इस डॉक्यूमेंट्री ने अवॉर्ड तो दिया, लेकिन इसने मुझे बहुत कुछ सिखाया। अक्षय ने ही मुझसे पूछा था कि क्या आप ऐसी डॉक्यूमेंट्री करना चाहोगे, मैंने इस पर रिसर्च की, हम साथ बैठे और इस पर काम किया। हम गुजरात भी आए थे। मैं ये अवॉर्ड अपने देश को डेडिकेट करना चाहूंगा।’
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नेशनल फिल्म अवॉर्ड में कार्तिक-यामी बेस्ट एक्टर-एक्ट्रेस:KGF अभिनेता को दादासाहेब फाल्के; 72 साल में अवॉर्ड्स 7 से बढ़कर 45 हुए
कार्तिक आर्यन को ‘चंदू चैंपियन’ और ममूटी को ‘ब्रह्मयुगम’ के लिए 72वें नेशनल फिल्म अवॉर्ड में बेस्ट एक्टर का पुरस्कार दिया गया। यामी गौतम को ‘आर्टिकल 370’ के लिए बेस्ट एक्ट्रेस चुना गया।
सेरेमनी गुजरात के एकता नगर (केवडिया) में मंगलवार को हुई। विजेताओं की घोषणा 18 जुलाई को हुई थी।
‘श्रीकांत’ को बेस्ट हिंदी फिल्म और ‘आर्टिकल 370’ को बेस्ट फीचर फिल्म का अवॉर्ड मिला। तमिल स्टार धनुष को दो कैटेगरी में नेशनल अवॉर्ड दिया गया। पूरी खबर पढ़िए…नेशनल अवॉर्ड जीतकर भावुक कार्तिक आर्यन:कहा- ऐसे माहौल में एक्टर बनने का सपना देखा, जहां लोग हंसते हैं; छोटे शहर के लड़के का सपना पूरा हुआ
कार्तिक आर्यन को फिल्म चंदू चैंपियन के लिए बेस्ट एक्टर का नेशनल अवॉर्ड दिया गया है। सेरेमनी मंगलवार को गुजरात के एकता नगर में हुई, जहां राष्ट्रपति द्रोपदी मुर्मू ने कार्तिक को अवॉर्ड दिया। ये कार्तिक का पहला नेशनल अवॉर्ड है। इसे जीतने के बाद उन्होंने भावुक अंदाज में एक छोटे शहर से निकलकर सपने पूरे करने के सफर को याद किया है। पूरी खबर पढ़ें…
राष्ट्रपति ने फिल्म इंडस्ट्री से कर्मचारियों, असिस्टेंट्स, छोटे कलाकारों और अपना करियर बनाने की कोशिश कर रहे लोगों को सम्मान देने की अपील भी की।
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने फिल्म इंडस्ट्री के सेलेब्स से हेल्थ के लिए नुकसानदायक प्रोडक्ट्स का विज्ञापन नहीं करने की अपील की।
राष्ट्रपति मुर्मू ने मंगलवार को गुजरात में 72वें नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स समारोह के दौरान अपने संबोधन में कहा, “जो फिल्म कलाकार बहुत लोकप्रिय होते हैं, उनमें देशवासियों को, विशेषकर युवाओं को प्रभावित करने की असीम क्षमता होती है। जब सफल फिल्म कलाकार डिसिप्लिन्ड लाइफस्टाइल के फायदे के बारे में बताते हैं, तो करोड़ों बच्चे और युवा उनका अनुकरण करते हैं।”
उन्होंने आगे कहा, “मैं यह अनुरोध करना चाहूंगी कि लोकप्रिय कलाकार स्वास्थ्य के लिए हानिकारक पदार्थों का एंडोर्समेंट न करें। स्टार वही है जो रोशनी फैलाए, अंधेरा नहीं।”
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार प्रदान किए।
राष्ट्रपति मुर्मू ने नेशनल फिल्म अवॉर्ड्स के लिए फिल्मों का चयन करने वाली ज्यूरी में महिलाओं की ज्यादा भागीदारी की मांग की। उन्होंने कहा, “मैं चाहती हूं कि हर क्षेत्रीय ज्यूरी में महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित हो।”
उन्होंने आगे कहा, “किसी भी क्षेत्र में महिलाओं का नजरिया शामिल करने से इंसान को हर पहलू से देखने वाली सोच बनती है।”
विमल इलायची विज्ञापन मामले में अभिनेताओं को नोटिस
गौरतलब है कि हाल ही में महाराष्ट्र फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन ने शाहरुख खान, अजय देवगन और टाइगर श्रॉफ को विमल इलायची के विज्ञापन से जुड़े मामले में कारण बताओ नोटिस जारी किए थे।
महाराष्ट्र FDA के मुताबिक, यह अभियान विमल पान मसाला का अप्रत्यक्ष या सरोगेट प्रचार हो सकता है। राज्य में विमल पान मसाला प्रतिबंधित है।
नोटिस में तीनों अभिनेताओं से इस अभियान में शामिल होने को लेकर स्पष्टीकरण मांगा गया था।
यह मामला अदालत तक भी पहुंच चुका है। दिल्ली हाईकोर्ट ने महाराष्ट्र FDA के नोटिस को चुनौती देने वाली PB एग्रो LLP की याचिका खारिज कर दी। ये नोटिस विमल इलायची अभियान के जरिए पान मसाला के कथित सरोगेट प्रचार को लेकर जारी किए गए थे।
अक्षय ने पान मसाला का विज्ञापन न करने का फैसला किया था
अक्षय कुमार से जुड़ा विमल पान मसाला के विज्ञापन का विवाद साल 2022 में काफी चर्चा में रहा था। अक्षय कुमार, अजय देवगन और शाहरुख खान के साथ विमल के विज्ञापन में नजर आए थे। इसके बाद सोशल मीडिया पर अक्षय के फैंस ने उनकी आलोचना की थी। फैंस का कहना था कि फिटनेस और हेल्दी लाइफस्टाइल की बात करने वाले अभिनेता को पान मसाला ब्रांड का प्रचार नहीं करना चाहिए।
विवाद बढ़ने के बाद अक्षय कुमार ने सोशल मीडिया पर फैंस से माफी मांगी थी। उन्होंने विमल के ब्रांड एंबेसडर के तौर पर पीछे हटने का फैसला भी किया था।
अक्षय ने यह भी कहा था कि विज्ञापन से मिली एंडोर्समेंट फीस को वह किसी अच्छे काम के लिए दान करेंगे।
हालांकि, अक्टूबर 2023 में विमल का एक और विज्ञापन सामने आने के बाद अक्षय दोबारा ट्रोल हुए थे। लोगों ने सवाल उठाया था कि जब वह विज्ञापन से हट चुके थे, तो फिर उसमें कैसे नजर आए।
इस पर अक्षय कुमार ने सफाई दी थी। उन्होंने बताया था कि उन्होंने यह विज्ञापन नया शूट नहीं किया था। यह शूट अक्टूबर 2021 में ही हो चुका था।
कॉन्ट्रैक्ट की अवधि के कारण कंपनी के पास पुराने विज्ञापन को प्रसारित करने का अधिकार था। अक्षय ने साफ किया था कि वह भविष्य में ऐसे विज्ञापन शूट नहीं करेंगे।
साउथ एक्टर अल्लू अर्जुन और डायरेक्टर एटली की फिल्म ‘राका’ ने रिलीज से पहले ही बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम कर लिया है। फिल्म ने ‘मोस्ट पीपल मोशन-कैप्चर्ड इन रियल-टाइम’ के लिए आधिकारिक तौर पर गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड हासिल किया है। एक सिंगल सेशन के दौरान एक साथ 37 कलाकारों के मोशन को रियल-टाइम में ट्रैक और कैप्चर किया गया। इस रिकॉर्ड प्रक्रिया में 4 साल के बच्चे से लेकर 70 साल के बुजुर्ग कलाकार तक शामिल थे। इस बड़े पैमाने के सेटअप को तैयार करने के लिए मेकर्स ने लॉस एंजिल्स से आधुनिक तकनीक और उपकरण मंगवाकर भारत में अपना बेस तैयार किया था। 92 मोशन कैप्चर कैमरों का किया गया इस्तेमाल फिल्म के मोशन कैप्चर सेशन को पूरा करने के लिए 92 ऑप्टिकल मोशन-कैप्चर कैमरों का इस्तेमाल किया गया। इसके साथ ही रियल-टाइम अनरियल विजुअलाइजेशन, फेसियल कैप्चर और एडवांस नेटवर्क सिस्टम को एक साथ सिंक किया गया था। सन पिक्चर्स के वीडियो में मोशन कैप्चर टेक्निकल डायरेक्टर ब्रायन रौश ने बताया कि लोग समझते हैं कि सिर्फ एक बटन दबाने से एनीमेशन मिल जाता है, जबकि ऐसा नहीं है। वहीं सिनेमैटोग्राफर जीके विष्णु ने बताया कि फिल्म में कई मोशन-कैप्चर कैरेक्टर हैं, जिनके बीच आपस में काफी एक्शन और इंटरेक्शन देखने को मिलेगा। लॉस एंजिल्स से मंगाए गए आधुनिक उपकरण डायरेक्टर एटली ने बताया कि भारत में मोशन-कैप्चर स्टेशन मौजूद थे, लेकिन ‘राका’ के बड़े विजन के लिए ज्यादा कैपेसिटी वाले सेटअप की जरूरत थी। इसके लिए उन्होंने सन पिक्चर्स के प्रोड्यूसर कलानिधि मारन से बात की। प्रोड्यूसर की मंजूरी मिलने के बाद लॉस एंजिल्स से सभी जरूरी उपकरण भारत मंगाए गए और एक नया बेस स्थापित किया गया। इसके बाद फिल्म के VFX प्रोड्यूसर ने ‘राका’ की जरूरतों के हिसाब से एक नया मोशन-कैप्चर पाइपलाइन और वर्कफ्लो तैयार किया। अल्लू अर्जुन बोले- विजन को हकीकत में बदलना बड़ी बात इस उपलब्धि पर अल्लू अर्जुन ने कहा कि कई लोगों के पास विचार और विजन होता है, लेकिन उसे इस स्तर की क्वालिटी के साथ पूरा करना बड़ी बात है। उन्होंने इस सफलता का श्रेय डायरेक्टर एटली, पूरी टेक्निकल टीम और इतने बड़े प्रोजेक्ट को सपोर्ट करने के लिए सन पिक्चर्स को दिया। फिल्म में 4 रोल निभा सकते हैं अल्लू अर्जुन ‘राका’ एक बड़े बजट की साइंस-फिक्शन एक्शन ड्रामा फिल्म है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, फिल्म में अल्लू अर्जुन चार अलग-अलग किरदार निभाते नजर आ सकते हैं, जिनमें दादा, पिता और दो बेटों का रोल शामिल है। चर्चा यह भी है कि फिल्म की कहानी पैरेलल यूनिवर्स के कॉन्सेप्ट पर आधारित हो सकती है, हालांकि मेकर्स ने अभी इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। फिल्म में दीपिका पादुकोण, रश्मिका मंदाना, जाह्नवी कपूर और मृणाल ठाकुर मुख्य भूमिकाओं में हैं। अल्लू अर्जुन और एटली पहली बार किसी प्रोजेक्ट में एक साथ काम कर रहे हैं।
बॉलीवुड एक्ट्रेस रानी मुखर्जी की मां कृष्णा मुखर्जी के निधन के बाद मंगलवार शाम मुंबई के जुहू स्थित पवन हंस श्मशान घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया।
इस दुख के समय में रानी मुखर्जी और उनके परिवार को सांत्वना देने बॉलीवुड की कई प्रमुख हस्तियां पहुंचीं। शाहरुख खान अपनी पत्नी गौरी खान के साथ अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे, वहीं आमिर खान, आलिया भट्ट और करण जौहर समेत कई सितारों ने रानी मुखर्जी को शोक संवेदना व्यक्त की।
परिवार ने बयान जारी करके प्राइवेसी की अपील की है और मौत की वजह का खुलासा नहीं किया है।
देखें अंतिम संस्कार में पहुंचे सेलेब्स की तस्वीरें…
शाहरुख खान अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे।
आमिर खान पत्नी गौरी के साथ रानी मुखर्जी से मिलने पहुंचे।
आलिया भट्ट, रानी मुखर्जी की मां के अंतिम संस्कार में शामिल हुईं।
अनिल कपूर रानी मुखर्जी से मिलने पहुंचे।
शिल्पा शेट्टी ने रानी मुखर्जी को संवेदनाएं व्यक्त कीं।
कबीर खान अंतिम संस्कार में शामिल हुए।
मुंबई के जुहू स्थित पवन हंस श्मशान घाट पर कई बॉलीवुड सेलेब्स पहुंचे।
कारण जौहार ने रानी मुखर्जी से मुलाकात की।
पवन हंस श्मशान घाट पर हुआ अंतिम संस्कार
75 वर्ष की उम्र में अंतिम सांस लेने वाली कृष्णा मुखर्जी का अंतिम संस्कार मंगलवार शाम जुहू के पवन हंस श्मशान घाट पर किया गया। इस दौरान बॉलीवुड इंडस्ट्री के कई बड़े चेहरे मौजूद रहे।
शाहरुख खान अपनी पत्नी गौरी खान और मैनेजर पूजा ददलानी के साथ कड़ी सुरक्षा के बीच श्मशान घाट पहुंचे। उन्होंने रानी मुखर्जी और उनके भाई राजा मुखर्जी से मुलाकात कर दुख जताया और अंतिम विदाई दी।
रानी मुखर्जी के घर पहुंचे आमिर और आलिया
मां के निधन की खबर सामने आने के बाद से ही रानी मुखर्जी के जुहू स्थित आवास पर सांत्वना देने के लिए कई बॉलीवुड हस्तियां पहुंची। आमिर खान ने रानी के घर पहुंचकर उन्हें ढांढस बंधाया।
दोनों ने ‘गुलाम’, ‘मन’ और ‘तलाश’ जैसी फिल्मों में साथ काम किया है और सालों पुराना रिश्ता साझा करते हैं। इसके अलावा एक्ट्रेस आलिया भट्ट, फिल्ममेकर करण जौहर, फरहान अख्तर, जोया अख्तर, आशुतोष गोवारिकर और अनिल कपूर भी रानी के घर पहुंचकर दुख में शामिल हुए।
मंगलवार दोपहर को निधन हुआ था
रानी मुखर्जी की मां कृष्णा मुखर्जी का मंगलवार दोपहर 75 साल की उम्र में निधन हो गया। यशराज फिल्म्स (YRF) ने आधिकारिक बयान जारी करके इस बात की जानकारी दी थी।
कृष्णा मुखर्जी बंगाली सिनेमा की जानी-मानी प्लेबैक सिंगर रह चुकी हैं। वे अक्सर अपनी बेटी रानी के साथ कई सार्वजनिक कार्यक्रमों में नजर आती थीं।
कृष्णा मुखर्जी, रानी के साथ कई कार्यक्रमों में नजर आतीं थीं।
कृष्णा मुखर्जी ने हर मोड़ पर बेटी का साथ दिया
कृष्णा मुखर्जी का भारतीय सिनेमा, विशेषकर बंगाली फिल्म इंडस्ट्री से गहरा जुड़ाव रहा। वे खुद एक पेशेवर प्लेबैक सिंगर थीं और उन्होंने कई बंगाली फिल्मों में गाने गाए थे। संगीत से जुड़े रहने के कारण उन्होंने अपनी बेटी रानी मुखर्जी को भी कला और अभिनय के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए हमेशा प्रेरित किया।
बचपन में अपनी मां के साथ रानी मुखर्जी।
रानी अपनी मां के बेहद करीब थीं और कई मौकों पर वे अपनी सफलता का श्रेय अपनी मां को दे चुकी हैं। दोनों के बीच मजबूत बॉन्डिंग देखने को मिलती थी।
अपने करियर की शुरुआत से ही रानी जब भी किसी अवॉर्ड फंक्शन, फिल्म स्क्रीनिंग या सार्वजनिक कार्यक्रम में जाती थीं, कृष्णा मुखर्जी उनके साथ जरूर नजर आती थीं। पति राम मुखर्जी के निधन के बाद भी कृष्णा अपनी बेटी रानी के साथ रहकर परिवार की भूमिका निभतीं थीं।
प्लेबेक सिंगिंग में एक्टिव रहीं कृष्णा मुखर्जी
कृष्णा मुखर्जी ने 1980 के दशक में कई चर्चित गानों में अपनी आवाज दी। उनका सबसे प्रसिद्ध गाना साल 1982 में आई फिल्म ‘तीसरी आंख’ का ‘ईद के दिन गले मिल ले राजा’ था, जिसे मशहूर संगीतकार जोड़ी लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल ने तैयार किया था।
म्यूजिक बैकग्राउंड से जुड़े होने के कारण उनकी शास्त्रीय और लोक संगीत में मजबूत पकड़ थी। वे फिल्मों में प्लेबैक सिंगिंग के अलावा कई बंगाली एल्बम और स्टेज शो के जरिए भी संगीत जगत में एक्टिव रहीं।
माता-पिता के साथ रानी मुखर्जी की पुरानी तस्वीर। रानी के पिता राम मुखर्जी का निधन 2017 में हुआ था।
संगीत करियर के साथ-साथ कृष्ण मुखर्जी को फिल्म इंडस्ट्री के काम और बिजनेस की भी बहुत बारीक समझ थी। उन्होंने ही रानी मुखर्जी को फिल्मों में किस्मत आजमाने की सलाह दी थी, लेकिन वे काम की क्वालिटी को लेकर बहुत सख्त थीं।
रानी के पहले स्क्रीन टेस्ट के समय जब उन्हें बेटी का अभिनय पसंद नहीं आया, तो उन्होंने ‘राजा की आयेगी बारात’ के प्रोड्यूसर सलीम से खुलकर कह दिया था कि वे रानी को फिल्म में न लें, क्योंकि इससे उन्हें आर्थिक नुकसान हो सकता है।
‘मर्दानी 3’ में नजर आई थीं रानी मुखर्जी
वर्कफ्रंट की बात करें तो रानी मुखर्जी ने अपने लंबे करियर में ‘गुलाम’, ‘कुछ कुछ होता है’, ‘साथिया’, ‘हम तुम’ और ‘ब्लैक’ जैसी कई मशहूर फिल्में दी हैं। रानी हाल ही में रिलीज हुई फिल्म ‘मर्दानी 3’ में नजर आई थीं। इस फिल्म में उनके शिवानी शिवाजी रॉय के किरदार को दर्शकों ने काफी पसंद किया था।
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ऑस्ट्रेलिया में सम्मान मिला, भावुक हुईं रानी मुखर्जी:प्रतिष्ठित ला यूनिवर्सिटी से सर्वोच्च सम्मान मिला; शाहरुख के बाद सम्मान पाने वालीं दूसरी भारतीय एक्टर
बॉलीवुड अभिनेत्री रानी मुखर्जी को ऑस्ट्रेलिया की ला ट्रोब यूनिवर्सिटी ने ‘डॉक्टर ऑफ लेटर्स’ (D.Litt.) की मानद डॉक्टरेट उपाधि से सम्मानित किया है। स्टेज पर यह सम्मान लेते व्यक्त रानी मुखर्जी भावुक दिखाई दीं। पूरी खबर पढ़ें
बॉलीवुड एक्ट्रेस रानी मुखर्जी की मां कृष्णा मुखर्जी के निधन के बाद मंगलवार शाम मुंबई के जुहू स्थित पवन हंस श्मशान घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया।
इस दुख के समय में रानी मुखर्जी और उनके परिवार को सांत्वना देने बॉलीवुड की कई प्रमुख हस्तियां पहुंचीं। शाहरुख खान अपनी पत्नी गौरी खान के साथ अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे, वहीं आमिर खान, आलिया भट्ट और करण जौहर समेत कई सितारों ने रानी मुखर्जी को शोक संवेदना व्यक्त की।
परिवार ने बयान जारी करके प्राइवेसी की अपील की है और मौत की वजह का खुलासा नहीं किया है।
देखें अंतिम संस्कार में पहुंचे सेलेब्स की तस्वीरें…
शाहरुख खान अंतिम दर्शन के लिए पहुंचे।
आमिर खान पत्नी गौरी के साथ रानी मुखर्जी से मिलने पहुंचे।
आलिया भट्ट, रानी मुखर्जी की मां के अंतिम संस्कार में शामिल हुईं।
अनिल कपूर रानी मुखर्जी से मिलने पहुंचे।
शिल्पा शेट्टी ने रानी मुखर्जी को संवेदनाएं व्यक्त कीं।
कबीर खान अंतिम संस्कार में शामिल हुए।
मुंबई के जुहू स्थित पवन हंस श्मशान घाट पर कई बॉलीवुड सेलेब्स पहुंचे।
कारण जौहार ने रानी मुखर्जी से मुलाकात की।
पवन हंस श्मशान घाट पर हुआ अंतिम संस्कार
75 वर्ष की उम्र में अंतिम सांस लेने वाली कृष्णा मुखर्जी का अंतिम संस्कार मंगलवार शाम जुहू के पवन हंस श्मशान घाट पर किया गया। इस दौरान बॉलीवुड इंडस्ट्री के कई बड़े चेहरे मौजूद रहे।
शाहरुख खान अपनी पत्नी गौरी खान और मैनेजर पूजा ददलानी के साथ कड़ी सुरक्षा के बीच श्मशान घाट पहुंचे। उन्होंने रानी मुखर्जी और उनके भाई राजा मुखर्जी से मुलाकात कर दुख जताया और अंतिम विदाई दी।
रानी मुखर्जी के घर पहुंचे आमिर और आलिया
मां के निधन की खबर सामने आने के बाद से ही रानी मुखर्जी के जुहू स्थित आवास पर सांत्वना देने के लिए कई बॉलीवुड हस्तियां पहुंची। आमिर खान ने रानी के घर पहुंचकर उन्हें ढांढस बंधाया।
दोनों ने ‘गुलाम’, ‘मन’ और ‘तलाश’ जैसी फिल्मों में साथ काम किया है और सालों पुराना रिश्ता साझा करते हैं। इसके अलावा एक्ट्रेस आलिया भट्ट, फिल्ममेकर करण जौहर, फरहान अख्तर, जोया अख्तर, आशुतोष गोवारिकर और अनिल कपूर भी रानी के घर पहुंचकर दुख में शामिल हुए।
मंगलवार दोपहर को निधन हुआ था
रानी मुखर्जी की मां कृष्णा मुखर्जी का मंगलवार दोपहर 75 साल की उम्र में निधन हो गया। यशराज फिल्म्स (YRF) ने आधिकारिक बयान जारी करके इस बात की जानकारी दी थी।
कृष्णा मुखर्जी बंगाली सिनेमा की जानी-मानी प्लेबैक सिंगर रह चुकी हैं। वे अक्सर अपनी बेटी रानी के साथ कई सार्वजनिक कार्यक्रमों में नजर आती थीं।
कृष्णा मुखर्जी, रानी के साथ कई कार्यक्रमों में नजर आतीं थीं।
कृष्णा मुखर्जी ने हर मोड़ पर बेटी का साथ दिया
कृष्णा मुखर्जी का भारतीय सिनेमा, विशेषकर बंगाली फिल्म इंडस्ट्री से गहरा जुड़ाव रहा। वे खुद एक पेशेवर प्लेबैक सिंगर थीं और उन्होंने कई बंगाली फिल्मों में गाने गाए थे। संगीत से जुड़े रहने के कारण उन्होंने अपनी बेटी रानी मुखर्जी को भी कला और अभिनय के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए हमेशा प्रेरित किया।
बचपन में अपनी मां के साथ रानी मुखर्जी।
रानी अपनी मां के बेहद करीब थीं और कई मौकों पर वे अपनी सफलता का श्रेय अपनी मां को दे चुकी हैं। दोनों के बीच मजबूत बॉन्डिंग देखने को मिलती थी।
अपने करियर की शुरुआत से ही रानी जब भी किसी अवॉर्ड फंक्शन, फिल्म स्क्रीनिंग या सार्वजनिक कार्यक्रम में जाती थीं, कृष्णा मुखर्जी उनके साथ जरूर नजर आती थीं। पति राम मुखर्जी के निधन के बाद भी कृष्णा अपनी बेटी रानी के साथ रहकर परिवार की भूमिका निभतीं थीं।
प्लेबेक सिंगिंग में एक्टिव रहीं कृष्णा मुखर्जी
कृष्णा मुखर्जी ने 1980 के दशक में कई चर्चित गानों में अपनी आवाज दी। उनका सबसे प्रसिद्ध गाना साल 1982 में आई फिल्म ‘तीसरी आंख’ का ‘ईद के दिन गले मिल ले राजा’ था, जिसे मशहूर संगीतकार जोड़ी लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल ने तैयार किया था।
म्यूजिक बैकग्राउंड से जुड़े होने के कारण उनकी शास्त्रीय और लोक संगीत में मजबूत पकड़ थी। वे फिल्मों में प्लेबैक सिंगिंग के अलावा कई बंगाली एल्बम और स्टेज शो के जरिए भी संगीत जगत में एक्टिव रहीं।
माता-पिता के साथ रानी मुखर्जी की पुरानी तस्वीर। रानी के पिता राम मुखर्जी का निधन 2017 में हुआ था।
संगीत करियर के साथ-साथ कृष्ण मुखर्जी को फिल्म इंडस्ट्री के काम और बिजनेस की भी बहुत बारीक समझ थी। उन्होंने ही रानी मुखर्जी को फिल्मों में किस्मत आजमाने की सलाह दी थी, लेकिन वे काम की क्वालिटी को लेकर बहुत सख्त थीं।
रानी के पहले स्क्रीन टेस्ट के समय जब उन्हें बेटी का अभिनय पसंद नहीं आया, तो उन्होंने ‘राजा की आयेगी बारात’ के प्रोड्यूसर सलीम से खुलकर कह दिया था कि वे रानी को फिल्म में न लें, क्योंकि इससे उन्हें आर्थिक नुकसान हो सकता है।
‘मर्दानी 3’ में नजर आई थीं रानी मुखर्जी
वर्कफ्रंट की बात करें तो रानी मुखर्जी ने अपने लंबे करियर में ‘गुलाम’, ‘कुछ कुछ होता है’, ‘साथिया’, ‘हम तुम’ और ‘ब्लैक’ जैसी कई मशहूर फिल्में दी हैं। रानी हाल ही में रिलीज हुई फिल्म ‘मर्दानी 3’ में नजर आई थीं। इस फिल्म में उनके शिवानी शिवाजी रॉय के किरदार को दर्शकों ने काफी पसंद किया था।
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सलमान खान के बाद परिणीति चोपड़ा ने भी बच्चे को जन्म देने के बाद महिलाओं की बॉडी शेमिंग की आलोचना की। परिणीति ने पोस्टपार्टम बॉडी पर कमेंट करने वालों को अनपढ़ सोच वाला बताया।
परिणीति ने यह बात PTI को दिए इंटरव्यू में कही। उनका बयान कटरीना कैफ के बेटे के जन्म के बाद बढ़े वजन को लेकर हुई ट्रोलिंग के कुछ दिन बाद आया है।
परिणीति ने कहा कि जब कोई पोस्टपार्टम यानी बच्चे को जन्म देने के बाद महिला के शरीर पर कमेंट करता है, तो मुझे यह बिल्कुल अनपढ़ सोच लगती है। मेरा मतलब है, आप बाल कटवाते हैं तो आपके बाल छोटे हो जाएंगे। आप छुट्टियों पर जाते हैं तो वापस आने पर शरीर पर टैनिंग होगी। आप जिम जाते हैं तो एब्स बनेंगे। आपके शरीर पर इस बात के निशान दिखाई देंगे कि आपने क्या किया है। इन सभी चीजों को सेलिब्रेट किया जाता है।
परिणीति चोपड़ा और उनके पति राघव चड्ढा अक्टूबर 2025 में पैरेंट्स बने थे। कपल के बेटे का नाम नीर है।
एक्ट्रेस ने आगे कहा, ”जब एक महिला एक बच्चे को जन्म देती है, तो उसके शरीर पर उस बदलाव के निशान को सेलिब्रेट नहीं किया जाता। आखिर इसमें नकारात्मक क्या है? अगर मैं किसी महिला को देखूं और उसके शरीर पर स्ट्रेच मार्क्स दिखाई दें, तो मैं कहूंगी, ओह माय गॉड, मुझे स्ट्रेच मार्क दिखाई दे रहा है।”
उन्होंने यह भी कहा, “क्या आपने बच्चे को जन्म दिया है? यह तो बहुत अच्छी बात है। आपका बच्चा कैसा है? मैं इसी नजरिए से इसे देखूंगी। अगर मैं आपके बालों को देखकर पूछ सकती हूं कि आपने नया हेयरकट कराया है? आपके बाल बहुत अच्छे लग रहे हैं। तो फिर किसी महिला के शरीर पर हुए बदलाव को नकारात्मक कैसे माना जा सकता है?”
परिणीति ने ट्रोलिंग को समय की बर्बादी बताया
परिणीति ने ट्रोलिंग को समय की बर्बादी भी बताया। उन्होंने कहा कि वह सोशल मीडिया पर ज्यादा समय नहीं बितातीं, इसलिए उन्हें अपने या दूसरों के बारे में होने वाली ज्यादातर ट्रोलिंग की जानकारी ही नहीं रहती। उनके लिए यह सब इतना महत्वहीन है कि वह इस पर अपना समय नहीं देना चाहतीं।
उन्होंने ट्रोलर्स के इरादों पर भी सवाल उठाया। परिणीति ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आता कि लोग दूसरों के शरीर और जिंदगी पर टिप्पणी करके क्या हासिल करना चाहते हैं। क्या वे सोशल मीडिया पर करियर बनाना चाहते हैं या सिर्फ लोगों का ध्यान खींचना चाहते हैं, यह उन्हें नहीं पता।
उन्होंने कहा कि वह दूसरे लोगों के शरीर, जिंदगी और निजी मामलों पर चर्चा नहीं करतीं, क्योंकि उनके पास इन चीजों के लिए समय नहीं है।
परिणीति ने प्रेग्नेंसी के दौरान रेंसिल डिसिल्वा और सिद्धार्थ पी. मल्होत्रा की थ्रिलर सीरीज ‘शैक’ की शूटिंग की थी। मां बनने के बाद एक्ट्रेस ने कुछ समय के लिए काम से ब्रेक लिया था।
लड़कों की आवाज बदलना भी सामान्य बदलाव: परिणीति
परिणीति ने एक पुरुष के शरीर में होने वाले बदलाव का उदाहरण भी दिया। उन्होंने कहा कि लड़के की उम्र बढ़ने पर उसकी आवाज बदलती है, लेकिन कोई उस बदलाव को लेकर लगातार चर्चा नहीं करता। उसी तरह महिला के मां बनने के बाद उसके शरीर में बदलाव होना भी एक प्राकृतिक प्रक्रिया है।
उनके मुताबिक, एक महिला ने जब बच्चे को जन्म दिया है, तो उसके शरीर पर दिखने वाले बदलाव को नकारात्मक नजर से देखने के बजाय उसे सामान्य रूप से समझना चाहिए। परिणीति ने कहा कि पोस्टपार्टम शरीर को लेकर ट्रोलिंग पर चर्चा करना ही उनके लिए समय की बर्बादी है।
परिणीति की डेब्यू वेब सीरीज ‘शक: ट्रस्ट नो वन’ 24 सितंबर को रिलीज होगी, जिसमें सोनी राजदान और ताहिर राज भसीन भी हैं।
सलमान खान ने ट्रोलिंग पर नाराजगी जताई
सलमान खान ने हाल ही में टीवी शो ‘बिग बॉस 20’ में सोशल मीडिया ट्रोलिंग, बॉडी-शेमिंग और एज-शेमिंग पर नाराजगी जताई थी।
सलमान ने महिलाओं के शरीर को लेकर होने वाली ऑनलाइन टिप्पणियों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जब कोई महिला मां बनती है तो प्रेग्नेंसी के दौरान वजन बढ़ना स्वाभाविक है।
उन्होंने सवाल किया कि किसी महिला के मां बनने के बाद उसके शरीर में आए बदलावों को लेकर लोग उसे क्यों ट्रोल करते हैं?
सलमान ने उनकी फिटनेस को ट्रोल करने वाले को जवाब देते हुए जैकेट और टी-शर्ट उतारकर अपने एब्स दिखाए।
सलमान ने कहा कि जब वह महिला दोबारा काम पर लौटेगी तो वह अपनी फिटनेस पर भी ध्यान दे सकती है, लेकिन यह उसका निजी फैसला है कि वह अपने परिवार के साथ कितना समय बिताना चाहती है और अपने शरीर के साथ क्या करना चाहती है।
हालांकि, सलमान ने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन उनकी इस टिप्पणी को प्रेग्नेंसी के बाद कटरीना कैफ की सोशल मीडिया पर बॉडी-शेमिंग से जोड़कर देखा गया। पूरी खबर यहां पढ़ें…
सलमान खान के बाद परिणीति चोपड़ा ने भी बच्चे को जन्म देने के बाद महिलाओं की बॉडी शेमिंग की आलोचना की है। परिणीति ने पोस्टपार्टम बॉडी पर कमेंट करने वालों को ‘अनपढ़ सोच’ वाला बताया।
परिणीति ने यह बात PTI को दिए इंटरव्यू में कही। उनका बयान कैटरीना कैफ के बेटे के जन्म के बाद बढ़े वजन को लेकर हुई ट्रोलिंग के कुछ दिन बाद आया है।
परिणीति ने कहा कि जब कोई पोस्टपार्टम यानी बच्चे को जन्म देने के बाद महिला के शरीर पर कमेंट करता है, तो मुझे यह बिल्कुल अनपढ़ सोच लगती है। मेरा मतलब है, आप बाल कटवाते हैं तो आपके बाल छोटे हो जाएंगे। आप छुट्टियों पर जाते हैं तो वापस आने पर शरीर पर टैनिंग होगी। आप जिम जाते हैं तो एब्स बनेंगे। आपके शरीर पर इस बात के निशान दिखाई देंगे कि आपने क्या किया है। इन सभी चीजों को सेलिब्रेट किया जाता है।
परिणीति चोपड़ा और उनके पति राघव चड्ढा अक्टूबर 2025 में पैरेंट्स बने थे। कपल के बेटे का नाम नीर है।
एक्ट्रेस ने आगे कहा, ”जब एक महिला एक इंसान यानी बच्चे को जन्म देती है, तो उसके शरीर पर उस बदलाव के निशान को सेलिब्रेट नहीं किया जाता। आखिर इसमें नकारात्मक क्या है? अगर मैं किसी महिला को देखूं और उसके शरीर पर स्ट्रेच मार्क्स दिखाई दें, तो मैं कहूंगी, ओह माय गॉड, मुझे स्ट्रेच मार्क दिखाई दे रहा है।”
उन्होंने यह भी कहा, “क्या आपने बच्चे को जन्म दिया है? यह तो बहुत अच्छी बात है। आपका बच्चा कैसा है?” मैं इसी नजरिए से इसे देखूंगी। अगर मैं आपके बालों को देखकर पूछ सकती हूं कि आपने नया हेयरकट कराया है? आपके बाल बहुत अच्छे लग रहे हैं। तो फिर किसी महिला के शरीर पर हुए बदलाव को नकारात्मक कैसे माना जा सकता है?”
परिणीति ने ट्रोलिंग को समय की बर्बादी बताया
परिणीति ने ट्रोलिंग को समय की बर्बादी भी बताया। उन्होंने कहा कि वह सोशल मीडिया पर ज्यादा समय नहीं बितातीं, इसलिए उन्हें अपने या दूसरों के बारे में होने वाली ज्यादातर ट्रोलिंग की जानकारी ही नहीं रहती। उनके लिए यह सब इतना महत्वहीन है कि वह इस पर अपना समय नहीं देना चाहतीं।
उन्होंने ट्रोलर्स के इरादों पर भी सवाल उठाया। परिणीति ने कहा कि उन्हें समझ नहीं आता कि लोग दूसरों के शरीर और जिंदगी पर टिप्पणी करके क्या हासिल करना चाहते हैं। क्या वे सोशल मीडिया पर करियर बनाना चाहते हैं या सिर्फ लोगों का ध्यान खींचना चाहते हैं, यह उन्हें नहीं पता।
उन्होंने कहा कि वह दूसरे लोगों के शरीर, जिंदगी और निजी मामलों पर चर्चा नहीं करतीं, क्योंकि उनके पास इन चीजों के लिए समय नहीं है।
परिणीति ने प्रेग्नेंसी के दौरान रेंसिल डिसिल्वा और सिद्धार्थ पी. मल्होत्रा की थ्रिलर सीरीज ‘शैक’ की शूटिंग की थी। मां बनने के बाद एक्ट्रेस ने कुछ समय के लिए काम से ब्रेक लिया था।
लड़कों की आवाज बदलना भी सामान्य बदलाव: परिणीति
परिणीति ने एक पुरुष के शरीर में होने वाले बदलाव का उदाहरण भी दिया। उन्होंने कहा कि लड़के की उम्र बढ़ने पर उसकी आवाज बदलती है, लेकिन कोई उस बदलाव को लेकर लगातार चर्चा नहीं करता। उसी तरह महिला के मां बनने के बाद उसके शरीर में बदलाव होना भी एक प्राकृतिक प्रक्रिया है।
उनके मुताबिक, एक महिला ने जब बच्चे को जन्म दिया है, तो उसके शरीर पर दिखने वाले बदलाव को नकारात्मक नजर से देखने के बजाय उसे सामान्य रूप से समझना चाहिए। परिणीति ने कहा कि पोस्टपार्टम शरीर को लेकर ट्रोलिंग पर चर्चा करना ही उनके लिए समय की बर्बादी है।
परिणीति की डेब्यू वेब सीरीज ‘शक: ट्रस्ट नो वन’ 24 सितंबर को रिलीज होगी, जिसमें सोनी राजदान और ताहिर राज भसीन भी हैं।
सलमान खान ने ट्रोलिंग पर नाराजगी जताई
सलमान खान ने हाल ही में टीवी शो ‘बिग बॉस 20’ में सोशल मीडिया ट्रोलिंग, बॉडी-शेमिंग और एज-शेमिंग पर नाराजगी जताई थी।
सलमान ने महिलाओं के शरीर को लेकर होने वाली ऑनलाइन टिप्पणियों का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जब कोई महिला मां बनती है तो प्रेग्नेंसी के दौरान वजन बढ़ना स्वाभाविक है।
उन्होंने सवाल किया कि किसी महिला के मां बनने के बाद उसके शरीर में आए बदलावों को लेकर लोग उसे क्यों ट्रोल करते हैं?
सलमान ने उनकी फिटनेस को ट्रोल करने वाले को जवाब देते हुए जैकेट और टी-शर्ट उतारकर अपने एब्स दिखाए।
सलमान ने कहा कि जब वह महिला दोबारा काम पर लौटेगी तो वह अपनी फिटनेस पर भी ध्यान दे सकती है, लेकिन यह उसका निजी फैसला है कि वह अपने परिवार के साथ कितना समय बिताना चाहती है और अपने शरीर के साथ क्या करना चाहती है।
हालांकि, सलमान ने किसी का नाम नहीं लिया, लेकिन उनकी इस टिप्पणी को प्रेग्नेंसी के बाद कटरीना कैफ की सोशल मीडिया पर बॉडी-शेमिंग से जोड़कर देखा गया। पूरी खबर यहां पढ़ें…
कार्तिक आर्यन को मंगलवार को फिल्म ‘चंदू चैंपियन’ के लिए 72वें नेशनल फिल्म अवॉर्ड में बेस्ट एक्टर का पुरस्कार मिला। उन्होंने यह अवॉर्ड ममूटी के साथ शेयर किया, जिन्हें ‘ब्रह्मयुगम’ के लिए यह पुरस्कार मिला।
फिल्म ‘चंदू चैंपियन’ के लिए कार्तिक आर्यन ने अपनी लाइफ का सबसे बड़ा ट्रांसफॉर्मेशन किया था।
‘चंदू चैंपियन’ देश के पहले पैरालिंपिक गोल्ड मेडलिस्ट मुरलीकांत पेटकर की जिंदगी पर आधारित थी। फिल्म में मुरलीकांत का किरदार निभाने के लिए कार्तिक को अपने शरीर के साथ-साथ बॉक्सिंग स्किल्स पर भी काम करना पड़ा। इसके लिए उन्होंने करीब 14 महीने तक लगातार ट्रेनिंग ली।
नेशनल लेवल के बॉक्सर और फिटनेस कोच त्रिदेव पांडे ने कार्तिक के बॉडी ट्रांसफॉर्मेशन में उनकी मदद की थी। त्रिदेव ने 2024 में दैनिक भास्कर से बातचीत में कार्तिक की ट्रेनिंग से जुड़ी कई बातें बताई थीं।
कार्तिक आर्यन ने 2025 में हुए 70वें फिल्मफेयर अवॉर्ड्स में फिल्म ‘चंदू चैंपियन’ के लिए बेस्ट एक्टर का अपना पहला फिल्मफेयर अवॉर्ड जीता था।
90 किलो वजन से शुरू हुई ट्रेनिंग
त्रिदेव के मुताबिक, जब फिल्म के लिए ट्रेनिंग शुरू हुई, तब कार्तिक का वजन 90 किलो था। लक्ष्य था कि उनका वजन घटाकर 69 से 75 किलो के बीच लाया जाए। इसके साथ ही उन्हें एक बॉक्सर के तौर-तरीकों के लिए तैयार करना था।
त्रिदेव ने बताया था कि सिर्फ कार्तिक की बॉडी बनाना लक्ष्य नहीं था। फिल्म में बॉक्सिंग के प्रॉपर सीन थे, इसलिए उन्हें बॉक्सर की तरह तैयार करना जरूरी था। इसके लिए ट्रेनिंग में हैंड-आई कोऑर्डिनेशन पर खास ध्यान दिया गया।
त्रिदेव पांडे (दाएं) खुद भी एक नेशनल लेवल के बॉक्सर रह चुके हैं।
बॉक्सिंग में सामने वाले की हर मूवमेंट पर नजर रखना जरूरी होता है। त्रिदेव के मुताबिक, इस खेल में माइक्रो सेकेंड में चीजें बदल सकती हैं। इसलिए कार्तिक को निशाने पर नजर बनाए रखने और उसी के मुताबिक तेजी से प्रतिक्रिया देने की ट्रेनिंग दी गई थी।
ट्रेनिंग में कई पंच भी खाने पड़े
बॉक्सिंग सीखना कार्तिक के लिए आसान नहीं था। त्रिदेव ने बताया था कि ट्रेनिंग के दौरान कार्तिक को उनसे कई पंच पड़े। कई बार उनके चेहरे और पेट पर भी चोट लगी।
कार्तिक को ट्रेनिंग के दौरान काफी दर्द सहना पड़ा। कई मौकों पर वह त्रिदेव से कहते थे, ‘भाई आराम से मारो।’ इसके बावजूद फिल्म की जरूरत के मुताबिक उन्होंने ट्रेनिंग जारी रखी थी।
डाइट में 12 अंडे, एक साल तक मिठाई से दूरी
कार्तिक की डाइट पर भी खास ध्यान दिया गया। त्रिदेव के मुताबिक, 14 महीने की ट्रेनिंग के दौरान उनके खाने में 12 अंडे शामिल थे। वह मांस नहीं खाते थे।
बॉडी में फैट की मात्रा कम करने के लिए कार्तिक ने करीब एक साल तक मिठाई को हाथ नहीं लगाया। त्रिदेव ने कहा था कि लोगों में यह धारणा है कि मांस के बिना बॉडी नहीं बनाई जा सकती, लेकिन ‘चंदू चैंपियन’ के लिए कार्तिक की बॉडी इसका उदाहरण थी।
फिल्म ‘चंदू चैंपियन’ के लिए कार्तिक आर्यन ने अपने शरीर का बॉडी फैट 39% से घटाकर मात्र 7% पर ले आए थे।
पहली फिल्म के लिए मिले थे 70 हजार रुपए
ग्वालियर के एक सामान्य परिवार से निकले कार्तिक आर्यन ने बॉलीवुड में अपनी जगह बनाने के लिए लंबा संघर्ष किया। 22 नवंबर 1990 को जन्मे कार्तिक इंजीनियरिंग की पढ़ाई करने मुंबई आए थे, लेकिन उनका सपना इंजीनियर बनने का नहीं, एक्टर बनने का था।
कॉलेज के साथ वे फिल्मों के ऑडिशन देने लगे। परिवार को भी इसकी ज्यादा जानकारी नहीं थी। ऑडिशन की जानकारी तलाशते और फिर बेलापुर से अंधेरी तक लोकल ट्रेन से पहुंचते थे। कई बार स्टेशन के वॉशरूम में कपड़े बदलकर ऑडिशन देते थे। करीब दो-तीन साल तक उनका यही सिलसिला चलता रहा।
फिल्म ‘प्यार का पंचनामा’ से लव रंजन ने बतौर निर्देशक डेब्यू किया था। वहीं, इस फिल्म से कार्तिक आर्यन ने भी एक्टिंग की दुनिया में कदम रखा था।
इसी दौरान फेसबुक से उन्हें फिल्म ‘प्यार का पंचनामा’ के ऑडिशन की जानकारी मिली। पहली कोशिश में कार्तिक रिजेक्ट हो गए। करीब 6 महीने तक कोई कॉल नहीं आया। इसके बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी। उन्होंने प्रोडक्शन हाउस से अपनी तस्वीरें तक वापस मांगीं, ताकि दूसरे ऑडिशन में इस्तेमाल कर सकें।
इसके बाद उन्हें दोबारा ऑडिशन के लिए बुलाया गया। करीब 6 महीने तक अलग-अलग राउंड हुए। फाइनल ऑडिशन में उन्हें 5 पेज का लंबा मोनोलॉग दिया गया। अगले दिन उन्हें इसे परफॉर्म करना था। कार्तिक ने इसे याद किया और ऑडिशन पास कर लिया।
साल 2011 में कार्तिक ने ‘प्यार का पंचनामा’ में रजत यानी रज्जो का किरदार निभाया था। इस फिल्म के लिए उन्हें करीब 70 हजार रुपए मिले थे। फिल्म में उनका लंबा मोनोलॉग काफी चर्चा में रहा। हालांकि इसके बाद का सफर आसान नहीं रहा।
2018 में ‘सोनू के टीटू की स्वीटी’ ने बदला करियर
‘आकाशवाणी’ और ‘कांची’ जैसी फिल्मों को खास सफलता नहीं मिली। एक समय ऐसा भी आया जब कार्तिक को लगने लगा था कि शायद उन्हें आगे काम न मिले, लेकिन साल 2018 में ‘सोनू के टीटू की स्वीटी’ ने उनका करियर बदल दिया। फिल्म हिट हुई और कार्तिक की पहचान तेजी से बढ़ी।
कार्तिक आर्यन की फिल्म ‘सोनू के टीटू की स्वीटी’ (2018) का कुल बजट लगभग 25 करोड़ रुपए था और इसने बॉक्स ऑफिस पर 152–156 करोड़ रुपए की कमाई की थी।
इसके बाद ‘लुका छुपी’ और ‘पति पत्नी और वो’ जैसी फिल्मों ने उनकी लोकप्रियता और मजबूत की। फिर साल 2022 में ‘भूल भुलैया 2’ ने उन्हें बड़े कमर्शियल स्टार्स की लिस्ट में पहुंचा दिया।
कार्तिक ने इसके बाद अलग तरह के किरदार भी चुने। ‘सत्यप्रेम की कथा’ के बाद उन्होंने ‘चंदू चैंपियन’ में पैरालंपिक गोल्ड मेडलिस्ट मुरलीकांत पेटकर का किरदार निभाया।
70 हजार से 20 करोड़ तक पहुंची फीस
कभी 70 हजार में फिल्म करने वाले कार्तिक की जिंदगी में ऐसे पल भी आया, उन्हें मात्र 10 दिन के रोल के लिए 20 करोड़ मिले।
कार्तिक आर्यन ने आप की अदालत में बताया था कि उन्होंने कोविड-19 महामारी के दौरान अपनी एक फिल्म की महज 10 दिनों की शूटिंग के लिए 20 करोड़ रुपये चार्ज किए थे। हालांकि उन्होंने फिल्म का नाम नहीं लिया, लेकिन रिपोर्ट्स के अनुसार वह फिल्म ‘धमाका’ (2021) थी।
अनंत नाग: 10वीं में फेल हुए, अब दादासाहेब फाल्के मिला
अनंत नाग को दादासाहेब फाल्के अवॉर्ड 2024 मिला। यह सम्मान उनके पांच दशक से ज्यादा लंबे फिल्मी सफर के लिए मिला है। अनंत नाग ने 300 से ज्यादा फिल्मों में काम किया है। इनमें कन्नड़ के अलावा हिंदी, तेलुगु, तमिल, मराठी और मलयालम सिनेमा भी शामिल है।
लेकिन यहां तक पहुंचने की कहानी आसान नहीं थी। अनंत नाग बचपन में कई स्कूलों और आश्रमों में रहे। करीब 11 साल की उम्र में वे पढ़ाई के लिए मुंबई आ गए।
यहां कन्नड़ से सीधे अंग्रेजी माध्यम में पढ़ाई करना उनके लिए मुश्किल रहा। भाषा और पढ़ाई में दिक्कत के चलते वे 10वीं की परीक्षा में फेल हो गए। हालांकि बाद में 10वीं की पढ़ाई पूरी की। वहीं 11वीं कक्षा तक पढ़ाई की है।
अनंत नाग को साल 2022 में बेंगलुरु नॉर्थ यूनिवर्सिटी द्वारा मानद डॉक्टरेट की उपाधि से भी नवाजा गया था।
उनके माता-पिता चाहते थे कि वे डॉक्टर या इंजीनियर बनें, लेकिन पढ़ाई में लगातार परेशानी के बाद अनंत ने दूसरा रास्ता तलाशना शुरू किया।
1962 और 1965 के युद्धों का उन पर गहरा असर पड़ा और उन्होंने सेना में जाने का फैसला किया। स्कूल के दिनों में वे NCC और ऑक्जीलियरी कैडेट कॉर्प्स में भी शामिल हुए।
लेकिन सेना में भी उन्हें सफलता नहीं मिली। कम वजन की वजह से भारतीय सेना ने उन्हें मेडिकल आधार पर रिजेक्ट कर दिया। वहीं खराब नजर के कारण एयरफोर्स में भी उनका चयन नहीं हुआ। एक के बाद एक रास्ते बंद होने के बाद वे अपने भविष्य को लेकर परेशान थे।
पांच साल में 50 से ज्यादा नाटक किए
फिर अनंत नाग की जिंदगी में थिएटर आया। शुरुआत में एक्टिंग उनका तय करियर नहीं था, लेकिन मंच पर काम करते-करते उन्हें अपना आत्मविश्वास वापस मिलने लगा। अगले पांच साल में उन्होंने 50 से ज्यादा नाटकों में काम किया। उन्होंने कन्नड़, कोंकणी, मराठी और हिंदी थिएटर में अभिनय किया। इसी दौरान सत्यदेव दुबे, गिरीश कर्नाड और अमोल पालेकर जैसे कलाकारों से भी उन्हें सीखने का मौका मिला।
साल 1973 में अनंत नाग ने कन्नड़ फिल्म ‘संकल्प’ से डेब्यू किया। इसी साल श्याम बेनेगल की ‘अंकुर’ से उन्होंने हिंदी सिनेमा में भी पहचान बनाई। इसके बाद ‘निशांत’, ‘मंथन’ और ‘भूमिका’ जैसी फिल्मों में काम किया। टीवी पर ‘मालगुडी डेज’ ने भी उन्हें घर-घर तक पहुंचाया।
इसके बाद उनका सफर पांच दशक से ज्यादा चलता रहा। 300 से ज्यादा फिल्मों के साथ उन्होंने कन्नड़ सिनेमा के साथ-साथ कई भाषाओं में काम किया। उन्हें पांच फिल्मफेयर अवॉर्ड और पांच कर्नाटक स्टेट बेस्ट एक्टर अवॉर्ड भी मिल चुके हैं। 2025 में उन्हें पद्म भूषण से सम्मानित किया गया।
‘केजीएफ: चैप्टर 1’ में पत्रकार आनंद इंगलागी के रोल में अनंत नाग।
और अब 10वीं में फेल होने वाले उस लड़के के नाम के साथ दादासाहेब फाल्के अवॉर्ड जुड़ चुका है। उनकी कहानी बताती है कि एक रास्ता बंद होने का मतलब यह नहीं कि सफर भी खत्म हो गया।
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